Bureaucracy:उत्तराखंड में आईपीएस अभिनव ने नौकरशाही में बनाया रिकार्ड, अतिरिक्त प्रमुख सचिव बने

Bureaucracy:हालांकि अभी तक राज्य में केवल अपर सचिव तक ही आईपीएस अफसरों को मौका मिला है। जबकि देश के अन्य राज्यों में शासन में आईपीएस और आईएफएस की नियुक्ति होती है।

Bureaucracy:उत्तराखंड में आईपीएस अभिनव ने नौकरशाही में बनाया रिकार्ड, अतिरिक्त प्रमुख सचिव बने

Bureaucracy:उत्तराखंड कैडर के वरिष्ठ आईपीएस अधिकारी अभिनव कुमार को वर्तमान प्रभार के साथ ही राज्य में मुख्यमंत्री  पुष्कर सिंह धामी का अतिरिक्त प्रमुख सचिव भी बनाया गया है। हालांकि ये पहले से ही माना जा रहा था कि उन्हें कोई अहम पद मिलेगा। लेकिन आज इसको लेकर आदेश जारी भी हो गए हैं। 

असल में 1996 बैच के आईपीएस अफसर अभिनव को मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का खास माना जाता है। पहले ही दिन से यह माना जा रहा था कि उसे किसी भी समय सरकार में लाया जा सकता है। मंथन केवल इस बात पर हो रहा था कि उन्हें क्या पदनाम दिया जाए। एडीजी का पद होने के कारण यह सोचा जा रहा था कि उन्हें सचिव या प्रमुख सचिव बनाया जाए। वहीं राज्य में आनंदवर्धन को सीएम की प्रमुख सचिव नियुक्त कर दिया गया था। जिसके बाद आज राज्य में सीएमओ में अतिरिक्त प्रमुख सचिव का भी पद बनाया गया है। 


वहीं अभिनव राज्य के सीएमओ में अपर प्रमुख सचिव के पद पर तैनात होने वाले पहले आईपीएस अधिकारी हैं। इससे पहले जो भी आईपीएस अधिकारी सरकार के अधीन लाया जाता था, वह अपर सचिव बने रहे। अभिनव इससे पहले बीसी खंडूड़ी के शासन में सीएम के अतिरिक्त सचिव रह चुके हैं। दीपम सेठ, पुष्पक ज्योति और अजय रौतेला भी अपर सचिव रह चुके हैं। कभी किसी आईपीएस अधिकारी को सरकार में सचिव तक पहुंचने का मौका नहीं मिला। अभिनव पुलिस मुख्यालय में एडीजी (प्रशासन) की जिम्मेदारी भी संभालेंगे।

ALSO READ:-Changes in Bureaucracy:उत्तराखंड में बदला निजाम तो नौकरशाही में मचा हड़कंप, सीएम को साधने में जुटे अफसर

कई अन्य सेवाओं के अफसर भी रहे तैनात

राज्य में भारतीय दूरसंचार सेवा-आईडीएएस-आईएफएस (वन) आईएफएस (विदेश) कैडर के अधिकारी सचिव रह चुके हैं। अशोक पाई राज्यपाल के प्रधान सचिव भी रहे। वह भारतीय वन सेवा से थे। आईएफएस (वन) आरबीएस रावत को राज्य में एसीएस बनाने की फाइल चली थी लेकिन आईएएस लॉबी के कारण बात आगे नहीं बढ़ पाई।