पायलट के बाद कांग्रेस विधायक ने सीएम गहलोत को डाला मुश्किल में, पूछा तल्ख सवाल

असल में राजस्थान में सत्तारूढ़ दल कांग्रेस के विधायक भरत सिंह ने विधानसभा में भ्रष्टाचार के मुद्दे को लेकर अपनी ही सरकार को मुसीबत में डाल दिया।

पायलट के बाद कांग्रेस विधायक ने सीएम गहलोत को डाला मुश्किल में, पूछा तल्ख सवाल

जयपुर। राजस्थान में कांग्रेस में सबकुछ ठीक नहीं चल रहा है। असल में राजस्थान में सत्तारूढ़ दल कांग्रेस के विधायक भरत सिंह ने विधानसभा में भ्रष्टाचार के मुद्दे को लेकर अपनी ही सरकार को मुसीबत में डाल दिया। हालांकि राजस्थान में अशोक गहतोत सरकार पायलट के रूख से पहले से ही मुसीबत में घिरी हुई है।

असल में राज्य के विधायक भरत सिंह ने राज्य में चल रहे विधानसभा के दौरान प्रश्नकाल में तल्ख अंदाज में पूछा कि भ्रष्ट ट्रैक रिकार्ड वाले अधिकारियों को जिलों में कलेक्टर और पुलिस अधीक्षक (एसपी) बनाने के पीछे सरकार की आखिर मंशा क्या है। जिसके बाद राज्य सरकार बैकफुट पर आ गई। दरअसल, बारां जिले में पिछले दिनों कलेक्टर और दौसा में पुलिस अधीक्षक को रिश्वत के मामले में गिरफ्तार किया गया था।

जिसके बाद भरत सिंह ने राज्य सरकार को इसको लेकर कठघरे में खड़ा कर दिया। उन्होंने कहा कि कोरोना काल में अपराधों में कमी आई है, लेकिन भ्रष्टाचार के मामलों में कमी नहीं आई। वहीं भरत सिंह भ्रष्टाचार के मुद्दे पर सरकार को और घेरना चाहते थे, लेकिन विधानसभा अध्यक्ष डा सीपी जोशी ने इसकी मंजूरी नहीं दी।

भरत सिंह ने भ्रष्टाचार के आरोप में बर्खास्त एक पुलिस इंस्पेक्टर को फिर से बहाल करने से जुड़ा एक सवाल पूछा था। इसके जवाब में संसदीय कार्यमंत्री शांति धारीवाल ने बताया कि पुलिस इंस्पेक्टर को जनवरी,2020 में बर्खास्त कर दिया गया था। उसने इसके खिलाफ कर्मचारियों से जुड़े अपील प्राधिकरण में अपील की है । सरकार ने उसे अब तक सेवा में वापस नहीं लिया है ।

यह भी पढ़ें:-  ...उपचुनावों के लिए कांग्रेस कर रही है इस्तेमाल या फिर सचिन बनेंगे गहलोत के 'पायलट'!

उधर, बजट पर बहस के दौरान निर्दलीय विधायक संयम लोढ़ा ने पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे को बंगला देने और कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी का बंग्ला छीनने का मामला उठाया और इस पर हंगामा हुआ। सभापति ने लोढ़ा की टिप्पणी को कार्यवाही से निकाल दिया। दरअसल, कांग्रेस विधायक मुरारी लाल मीणा बजट पर बहस में हिस्सा ले रहे थे। इसी बीच लोढ़ा राजे और प्रियंका के बंगलों का जिक्र करने लगे। इस पर भाजपा विधायकों ने हंगामा किया।